पतंजलि विश्वविद्यालय और इंडोनेशिया के हिंदू विश्वविद्यालय के बीच हुआ एमओयू

Spread the love

योग, आयुर्वेद, अनुसंधान एवं शिक्षा के क्षेत्र में बढ़ेगा अंतरराष्ट्रीय सहयोग

अमित कुमार 

इंडोनेशिया। पतंजलि विश्वविद्यालय और इंडोनेशिया के एकमात्र हिंदू विश्वविद्यालय यूनिवर्सितास हिंदू नेगेरी (Universitas Hindu Negeri-UHN) के बीच शिक्षा, योग, आयुर्वेद और अनुसंधान के क्षेत्र में सहयोग को लेकर एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इस अवसर पर पतंजलि विश्वविद्यालय के कुलपति आचार्य बालकृष्ण स्वयं उपस्थित रहे। एमओयू हस्ताक्षर कार्यक्रम में इंडोनेशिया के शिक्षा जगत से जुड़े अनेक गणमान्य व्यक्तियों, सनातन संस्कृति के अनुयायियों तथा बाली के विधायक डॉ. सोमवीर ने भाग लिया। कार्यक्रम को स्थानीय मीडिया द्वारा व्यापक रूप से कवर किया गया। इस अवसर पर आचार्य बालकृष्ण ने कहा कि इस समझौते के माध्यम से दोनों देशों के विद्यार्थियों को छात्र विनिमय, अनुसंधान सहयोग तथा योग प्रतियोगिताओं के लिए साझा मंच उपलब्ध होगा। उन्होंने कहा कि भारत और इंडोनेशिया के विद्यार्थी एक-दूसरे के शोध कार्यों एवं शैक्षणिक अनुभवों को साझा कर अपने ज्ञान और कौशल का विस्तार कर सकेंगे। आचार्य बालकृष्ण ने बताया कि यूएचएन विश्वविद्यालय में 35 विभिन्न संकाय संचालित हैं और यह समझौता दोनों संस्थानों के बीच शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक संबंधों को नई दिशा देगा। उन्होंने कहा कि पतंजलि विश्वविद्यालय केवल शिक्षा के क्षेत्र में ही नहीं, बल्कि योग और सनातन संस्कृति के प्रसार एवं पुनर्स्थापन के क्षेत्र में भी इंडोनेशिया में व्यापक कार्य करेगा। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यूएचएन के वरिष्ठ शिक्षाविद् प्रो. डॉ. डॉर्स आई गुस्ती न्गुराह सुदियाना ने कहा कि योग और आयुर्वेद के क्षेत्र में पतंजलि विश्वविद्यालय एक अग्रणी एवं प्रतिष्ठित संस्थान है, जिसकी पहचान विश्व स्तर पर स्थापित है। उन्होंने कहा कि इस एमओयू के माध्यम से इंडोनेशिया के विद्यार्थियों को योग, आयुर्वेद के साथ-साथ कृषि, अनुसंधान, सूचना एवं प्रौद्योगिकी जैसे क्षेत्रों में भी नए अवसर प्राप्त होंगे। वहीं, प्रो. मेडे पूर्णमा ने कहा कि पतंजलि विश्वविद्यालय के साथ हुआ यह समझौता इंडोनेशिया के विद्यार्थियों के लिए एक स्वर्णिम अवसर है, जिसका लाभ भविष्य में पूरे देश को मिलेगा। उन्होंने विश्वास जताया कि यह साझेदारी दोनों देशों के बीच शैक्षणिक और सांस्कृतिक संबंधों को और मजबूत करेगी। कार्यक्रम से पूर्व यूएचएन के कुलपति एवं प्रबंधन समिति के सदस्यों ने पतंजलि विश्वविद्यालय के कुलपति आचार्य बालकृष्ण और उनके प्रतिनिधिमंडल का पारंपरिक एवं भावपूर्ण स्वागत किया। इस समझौते को भारत और इंडोनेशिया के बीच शिक्षा, संस्कृति, योग एवं अनुसंधान के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *