यात्री सीजन में ट्रैफिक जाम की समस्या के स्थायी समाधान की मांग

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अमित कुमार 

हरिद्वार। राष्ट्रीय सावक मंच के संयोजक एवं भारतीय हिंदूवाहिनी के प्रदेश अध्यक्ष चंद्रमोहन कौशिक ने हरिद्वार में ग्रीष्मकालीन यात्री सीजन के दौरान बढ़ती ट्रैफिक जाम की समस्या पर चिंता व्यक्त करते हुए प्रशासन से इसके स्थायी समाधान के लिए ठोस एवं प्रभावी कार्ययोजना बनाने की मांग की है। प्रेस को जारी बयान में चंद्रमोहन कौशिक ने कहा कि चारधाम यात्रा अपने चरम पर है और हरिद्वार में भी तीर्थयात्रियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। इसके चलते हाईवे, हरकी पैड़ी, अपर रोड, रेलवे रोड, ललतारो पुल तथा भीमगोड़ा क्षेत्र में अक्सर भारी जाम की स्थिति उत्पन्न हो रही है। उन्होंने कहा कि चिलचिलाती धूप और भीषण गर्मी के बीच स्थानीय निवासियों एवं श्रद्धालुओं को घंटों जाम में फंसकर परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि प्रशासन द्वारा यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के दावे किए जाते हैं, लेकिन प्रत्येक वीकेंड और प्रमुख स्नान पर्वों के दौरान लगने वाले जाम इन दावों की वास्तविकता उजागर कर देते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि यात्रा सीजन के बावजूद कई स्थानों पर सड़क मरम्मत कार्य अभी तक पूरे नहीं हो पाए हैं।चंद्रमोहन कौशिक के अनुसार शहर में बड़ी संख्या में संचालित बैटरी रिक्शा और थ्री-व्हीलर भी जाम की प्रमुख वजह बन रहे हैं। उन्होंने कहा कि अनियंत्रित संचालन के कारण यातायात व्यवस्था प्रभावित हो रही है और स्थानीय लोगों के साथ-साथ तीर्थयात्रियों को भी भारी असुविधा झेलनी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि आगामी दिनों में विद्यालयों की ग्रीष्मकालीन छुट्टियां, सोमवती अमावस्या स्नान तथा निर्जला एकादशी जैसे प्रमुख धार्मिक पर्वों के चलते श्रद्धालुओं की संख्या और बढ़ेगी। ऐसे में हरकी पैड़ी, अपर रोड, मनसा देवी पैदल मार्ग और भीमगोड़ा क्षेत्र में भीड़ का दबाव काफी बढ़ सकता है। उन्होंने आशंका जताई कि अत्यधिक भीड़ वाले क्षेत्रों में बैटरी रिक्शाओं के कारण लगने वाला जाम किसी भी समय भगदड़ जैसी स्थिति पैदा कर सकता है, जिससे बड़ी दुर्घटना होने का खतरा बना रह सकता है। चंद्रमोहन कौशिक ने प्रशासन से मांग की कि बैटरी रिक्शाओं के लिए स्पष्ट एवं प्रभावी रूट निर्धारण किया जाए तथा वीकेंड और प्रमुख मेलों के दौरान विशेष यातायात योजना लागू कर जाम की समस्या का स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जाए।

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